अनिल गुप्ता
नई दिल्ली
शैक्षिक उत्कृष्टता को नई दिशा देते हुए, नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (एनडीएमसी) ने भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) बॉम्बे के शैलेश जे. मेहता स्कूल ऑफ मैनेजमेंट के साथ मिलकर शिक्षक क्षमता निर्माण कार्यक्रम की शुरुआत की है। यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के अनुरूप शिक्षकों की दक्षताओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से की गई है।
एनडीएमसी के अध्यक्ष केशव चंद्रा ने कहा कि “यह एनडीएमसी और आईआईटी बॉम्बे के बीच पहला संरचित शिक्षक प्रशिक्षण सहयोग है। उनके अनुसार, यह कार्यक्रम शिक्षकों को भविष्य उन्मुख, मूल्य-आधारित और समग्र मार्गदर्शक बनने की दिशा में सशक्त बनाएगा।”
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत तैयार किए गए विशेष मॉड्यूल में उभरती शिक्षा पद्धतियाँ, भारतीय ज्ञान परंपराएँ (आईकेएस), शिक्षण में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और आभासी वास्तविकता (वीआर) का उपयोग, साथ ही मानसिक स्वास्थ्य एवं कल्याण पर विशेष ध्यान शामिल है।
एनडीएमसी की ओएसडी (शिक्षा) रंजना देशवाल ने बताया कि “240 शिक्षक इस प्रशिक्षण में भाग लेंगे। उन्हें नवीन शिक्षण रणनीतियों, प्रौद्योगिकी-आधारित शिक्षण और सांस्कृतिक मूल्यों के समन्वय की जानकारी दी जाएगी।’
निदेशक (शिक्षा) कृतिका चौधरी ने इस पहल को “विकसित भारत की दिशा में परिवर्तनकारी कदम” बताते हुए कहा कि सशक्त शिक्षक शैक्षिक सुधार के उत्प्रेरक बनेंगे और छात्रों के लिए समग्र शिक्षण अनुभव को बढ़ावा देंगे।
आईआईटी बॉम्बे के साथ यह साझेदारी राजधानी के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण, भविष्य-उन्मुख और मूल्य-आधारित शिक्षा प्रदान करने की एनडीएमसी की प्रतिबद्धता को मजबूत करती है।