सरल डेस्क
ओडिशा में किसान नेता राकेश टिकैत की गिरफ्तारी के बाद पश्चिमी उत्तर प्रदेश में माहौल अचानक गरमा गया है। भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के कार्यकर्ताओं ने बुलंदशहर, हापुड़ समेत कई जिलों में विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। किसानों और भाकियू समर्थकों ने जगह-जगह थानों का घेराव कर नारेबाजी की और टिकैत की तुरंत रिहाई की मांग उठाई।
ओडिशा में गिरफ्तारी के बाद बढ़ा आक्रोश
किसान नेता राकेश टिकैत की ओडिशा में गिरफ्तारी की खबर जैसे ही पश्चिमी यूपी पहुंची, भाकियू कार्यकर्ताओं में भारी नाराजगी देखने को मिली। किसानों ने इसे किसान नेताओं की आवाज दबाने की कार्रवाई बताते हुए सरकार के खिलाफ प्रदर्शन शुरू कर दिया।
बुलंदशहर और हापुड़ में थानों का घेराव
बुलंदशहर के खुर्जा कोतवाली समेत कई थानों पर भाकियू कार्यकर्ता बड़ी संख्या में पहुंचे और धरना-प्रदर्शन किया।कार्यकर्ताओं ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए चेतावनी दी कि अगर राकेश टिकैत को जल्द रिहा नहीं किया गया तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। हापुड़ में भी किसानों ने सड़कों पर उतरकर विरोध जताया और प्रशासन के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया, जिससे इलाके में तनाव का माहौल बन गया।
पुलिस और प्रशासन अलर्ट
विरोध प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस और प्रशासन अलर्ट मोड पर आ गया है। कई जगह अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे। अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है।
लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन: भाकियू
भाकियू नेताओं का कहना है कि किसान नेता की गिरफ्तारी लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो पश्चिमी यूपी में बड़ा आंदोलन खड़ा किया जाएगा और प्रदेशभर में प्रदर्शन किया जाएगा। पश्चिमी यूपी के कई जिलों में किसानों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। भाकियू कार्यकर्ता लगातार राकेश टिकैत की रिहाई की मांग कर रहे हैं और प्रशासन पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं।