पंजाब डेस्क
चंडीगढ़: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज “शानदार चार साल भगवंत मान दे नाल” श्रृंखला के तहत राज्य सरकार की शिक्षा क्षेत्र में उपलब्धियों का विस्तृत रिपोर्ट कार्ड पेश किया। इस दौरान उन्होंने बताया कि पिछले चार वर्षों में पंजाब के सरकारी स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई ऐतिहासिक कदम उठाए गए हैं, जिनका सकारात्मक असर अब जमीन पर साफ दिखाई दे रहा है।
छात्रों की पढ़ाई का स्तर पहले से काफी बेहतर
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार ने शिक्षा को प्राथमिकता देते हुए सरकारी स्कूलों की स्थिति सुधारने, आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने और छात्रों को बेहतर माहौल देने के लिए बड़े स्तर पर काम किया है। उन्होंने बताया कि राज्य के कई स्कूलों को स्मार्ट क्लासरूम, आधुनिक लैब, लाइब्रेरी और डिजिटल सुविधाओं से लैस किया गया है, जिससे छात्रों की पढ़ाई का स्तर पहले से काफी बेहतर हुआ है।
बच्चों को भी निजी स्कूलों जैसी गुणवत्तापूर्ण
भगवंत मान ने अपने संबोधन में कहा कि सरकार का उद्देश्य गरीब और मध्यम वर्ग के बच्चों को भी निजी स्कूलों जैसी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है। इसके लिए शिक्षकों की ट्रेनिंग, इंफ्रास्ट्रक्चर सुधार, नए स्कूल ऑफ एमिनेंस और छात्रों के लिए बेहतर सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया गया है।
उन्होंने यह भी बताया कि पंजाब के सरकारी स्कूलों के छात्र अब राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं, जो राज्य की शिक्षा क्रांति का परिणाम है। सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में पारदर्शिता और गुणवत्ता बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी और नई योजनाओं को लागू किया है।
देश के बेहतरीन स्कूलों में अपनी जगह
मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले समय में भी पंजाब सरकार शिक्षा क्षेत्र में और सुधार करेगी, ताकि राज्य के बच्चों को बेहतर भविष्य और मजबूत शिक्षा व्यवस्था मिल सके। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे सरकारी स्कूलों पर भरोसा करें, क्योंकि अब पंजाब के स्कूल देश के बेहतरीन स्कूलों में अपनी जगह बना रहे हैं।