स्पेशल डेस्क
चेन्नई। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय ने मंगलवार को विधानसभा में दिए अपने विस्तृत भाषण के दौरान उन आलोचनाओं का जवाब दिया, जिनमें उनकी पार्टी तमिलगा वेट्री कझगम (टीवीके) को केवल एक अभिनेता की राजनीतिक पार्टी बताया जाता रहा है। उन्होंने कहा कि टीवीके का उदय किसी फिल्मी कहानी का परिणाम नहीं, बल्कि वर्षों से जनता के बीच किए गए सामाजिक और राजनीतिक कार्यों का नतीजा है।
गवर्नर के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि कुछ लोग यह प्रचारित करते हैं कि वह सीधे फिल्म सेट से मुख्यमंत्री की कुर्सी तक पहुंचे हैं। उन्होंने इसे महज “रील स्टोरी” करार देते हुए कहा कि उनकी पार्टी ने पहले जनता के बीच काम किया और उसके बाद राजनीतिक संगठन का गठन किया।
अभिनेता की पार्टी पर जवाब
उन्होंने कहा, “अधिकांश लोग पहले पार्टी बनाते हैं और फिर जनता के पास जाते हैं, लेकिन हमने पहले लोगों के बीच जाकर उनके मुद्दों के लिए आवाज उठाई और उसके बाद पार्टी बनाई। जो लोग इस प्रक्रिया को नहीं समझते, वे हमें केवल एक अभिनेता की पार्टी कहकर खारिज कर देते हैं।”
मुख्यमंत्री ने दावा किया कि उनकी पार्टी ने मछुआरों के अधिकारों, जल्लीकट्टू आंदोलन, स्टरलाइट विरोध प्रदर्शन और शिक्षा के क्षेत्र में छात्रों को सहायता देने जैसे कई सामाजिक मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभाई है। उन्होंने यह भी कहा कि टीवीके ने नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) के खिलाफ भी अपना विरोध दर्ज कराया था।
विजय ने आगामी राजनीतिक रणनीति स्पष्ट करते हुए कहा कि उनकी पार्टी 2026 के विधानसभा चुनाव अकेले दम पर लड़ेगी और किसी गठबंधन का हिस्सा नहीं बनेगी।