बिहार डेस्क
पटना। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) सुप्रीमो लालू प्रसाद के बड़े बेटे और पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव ने अपने खिलाफ चल रहे विवाद के बीच बड़ा कदम उठाते हुए सचिवालय थाना में शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने आरोप लगाया है कि उनकी राजनीतिक और सामाजिक छवि को नुकसान पहुंचाने के साथ-साथ उनकी हत्या की साजिश भी रची जा रही है।
तेज प्रताप ने आकाश यादव, उनके पिता मनोज यादव, मां तारा देवी, अनुष्का यादव, मंजीत यादव, विशाल यादव, अभिषेक कुमार सिंह और शुभम कुमार को नामजद आरोपित बनाया है। उन्होंने दावा किया कि पूरे मामले का मास्टरमाइंड मंजीत यादव है, जो लंबे समय से उनके खिलाफ षड्यंत्र रच रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इनलोगों ने ही परिवार से अलग कराया। उन्होंने यह भी कहा कि विपत्ति में भाई तेजस्वी को साथ आना चाहिए। एक भाई पर विपत्ति आती है तो दूसरा भाई खड़ा होता है।
‘जबरन घर में घुसने की कोशिश हुई’
शुक्रवार रात मीडिया से बातचीत में तेज प्रताप यादव ने कहा कि शाम में प्रेस कॉन्फ्रेंस करने के बाद चार लोगों ने उनके आवास में जबरन प्रवेश करने का प्रयास किया। उनके अनुसार, जब स्टाफ ने संदिग्ध लोगों को पकड़ने की कोशिश की तो वे मौके से भाग निकले। उन्होंने आशंका जताई कि यह केवल डराने-धमकाने की घटना नहीं थी, बल्कि उनके खिलाफ किसी बड़ी साजिश का हिस्सा हो सकती है। उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि मेरी हत्या का प्रयास किया जा सकता है। इसलिए मैंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है।
सीएम सम्राट चौधरी से मिलकर करेंगे सुरक्षा की मांग
तेज प्रताप यादव ने कहा कि वे जल्द ही मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात करेंगे और अपनी सुरक्षा बढ़ाने की मांग करेंगे। उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन मुख्यमंत्री उनके बड़े भाई की तरह हैं और उनसे मिलकर पूरे मामले की जानकारी देंगे। उन्होंने कहा, मुझे लंबी राजनीति करनी है। ऐसे में सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता है। इसलिए सरकार से उचित कार्रवाई और सुरक्षा की मांग करूंगा।