प्रकाश मेहरा
स्पेशल डेस्क
भरतपुर। केतन अग्रवाल की संदिग्ध मौत के मामले में जांच आगे बढ़ने के साथ कई नए तथ्य सामने आ रहे हैं। पुलिस जांच में अब मृतक की मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है और पुलिस विभिन्न तकनीकी एवं भौतिक साक्ष्यों की जांच में जुटी है।
लोहागढ़ किले में हुई थी घटना
जानकारी के अनुसार, 18 जून को केतन अग्रवाल की मौत लोहागढ़ किले की एक ऊंची चट्टान से गिरने के बाद हुई थी। शुरुआती तौर पर इसे दुर्घटना बताया गया था। सिया गोयल ने परिजनों और अन्य लोगों को बताया था कि केतन का पैर फिसल गया था, जिसके कारण वह खाई में गिर गया। हालांकि, घटना के बाद सिया के बयानों में कथित तौर पर कई बार बदलाव देखने को मिला। इसी कारण मृतक के परिजनों को संदेह हुआ और उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
पुलिस जांच में सामने आए नए तथ्य
पुलिस सूत्रों के अनुसार, जांच के दौरान यह जानकारी सामने आई है कि सिया गोयल और चेतन चौधरी पिछले कई महीनों से एक-दूसरे के संपर्क में थे। जांचकर्ताओं को यह भी पता चला कि घटना से एक दिन पहले तथा घटना वाले दिन दोनों की मुलाकात एक कैफे में हुई थी। सूत्रों का दावा है कि “पूछताछ के दौरान यह संदेह जताया गया कि दोनों ने केतन को किले तक ले जाने और वहां किसी सुनसान स्थान पर घटना को अंजाम देने की योजना बनाई थी। हालांकि, इन दावों की आधिकारिक पुष्टि अभी जांच एजेंसियों द्वारा नहीं की गई है।”
आमने-सामने पूछताछ में बदले बयान
मामले में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब पुलिस ने सिया गोयल और चेतन चौधरी को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की। सूत्रों के अनुसार, दोनों ने एक-दूसरे पर घटना की जिम्मेदारी डालने की कोशिश की। जहां एक ओर सिया ने कथित रूप से चेतन पर पूरी योजना बनाने का आरोप लगाया, वहीं चेतन ने सिया को मुख्य साजिशकर्ता बताया। दोनों के विरोधाभासी बयानों ने जांच को और जटिल बना दिया है।
पुलिस जुटा रही है तकनीकी सबूत
जांच एजेंसियां अब मामले की तह तक पहुंचने के लिए कई महत्वपूर्ण साक्ष्यों का विश्लेषण कर रही हैं। इनमें शामिल हैं मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR)। चैट और डिजिटल संचार। कैफे और आसपास के सीसीटीवी फुटेज। घटना स्थल के वीडियो एवं फोटो साक्ष्य। प्रत्यक्षदर्शियों के बयान। फॉरेंसिक रिपोर्ट। पुलिस का कहना है कि “इन सभी तथ्यों को जोड़कर घटना के वास्तविक क्रम को समझने का प्रयास किया जा रहा है।”
परिवार ने की सख्त कार्रवाई की मांग
केतन अग्रवाल के परिवार ने मामले की गहन और निष्पक्ष जांच की मांग की है। परिजनों का कहना है कि शुरू से ही उन्हें घटना पर संदेह था और वे सच्चाई सामने आने का इंतजार कर रहे हैं।
फॉरेंसिक रिपोर्ट अहम परतें खोल सकती है ?
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि “मामला अभी जांच के चरण में है। किसी भी व्यक्ति को दोषी मानने से पहले सभी साक्ष्यों का परीक्षण किया जाएगा। अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही सामने आएगा। फिलहाल, केतन अग्रवाल की मौत का मामला एक कथित दुर्घटना से आगे बढ़कर संभावित आपराधिक साजिश की दिशा में जांच का केंद्र बन गया है। आने वाले दिनों में पुलिस की जांच और फॉरेंसिक रिपोर्ट इस मामले की कई अहम परतें खोल सकती हैं।